Dowsing

मनुष्य का स्वभाव है अपरिचित बारे जानकारी प्राप्त करना। इसी प्राकृतिक लक्षण के कारण आज का मानव विज्ञानिक क्षेत्र में इतनी दूरी तय कर सका है। डाऊजिंग एक ऐसी विधि है जिस के द्वारा हम अन्जान तथ्यों के बारे में जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। इस विधि में हमारा अवचेतन मन क्रियाशील होता है। हम अपने व्यापार, व्यवसाय, स्वास्थय, भूत, वर्तमान तथा भविष्य के बारे में जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। हम इस विधि से भू-गर्भ में पानी के स्रोत तथा धातुओं का ज्ञान भी प्राप्त करने की स्थिति में होते हैं। इसके अतिरिक्त हम अपनी दिनचर्या की अनेकों समस्याओं की जानकारी भी प्राप्त कर सकते हैं। हम यह जान चुके हैं कि समान विचार या तरंगें समान विचारों अथवा समान तरंगों की ओर आकर्षित होती हैं (स्पाम ।जजतंबजे स्पाम)। हमारा चेतन मन/अवचेतन मन इन्हीं समान तरंगों से क्रियाशील होकर समान तरंगों से पे्ररित होकर हमारे स्नायु तंत्र को जानकारी देता है। इसका प्रभाव हमारे हाथ में पकड़े पैंडुलम या किसी दूसरे यंत्र पर पड़ता है। यह यंत्र एक खास गति में क्रियाशील हो जाते हैं जो विभिन्न प्रकार के हो सकते हैं। इस गतीशीलता से ज्ञान ग्रहण करना ही डाऊजिंग कहलाता है। डाऊजिंग के कई तरह के यंत्र हैं जैसेः- ऽ पैंडुलम ऽ वाई राॅड ऽ ऐल राॅड ऽ बोबर आदि। इन्हीं यंत्रों से हम जीवन के किसी भी प्रश्न का ठीक उत्तर या मार्गदर्शन पा सकते हैं। चाहे वह भू-गर्भ में छुपे खनिज, खजाने की बात हो चाहे आदमी के चेतन अथवा अवचेतन-मन में छूपी भूत,वर्तमान या भविष्य की बात हो, चाहे किसी व्यक्ति या किसी वस्तु के खो जाने की बात हो या आपने किन्हीं दस वस्तुओं में से एक वस्तु का चुनाव करना है, पैंडुलम, आप के सवाल का उत्तर जानने का अद्भुत ढंग है। डाऊजिंग कौन कर सकता हैः- यह एक बहुत सरल विद्या है। कोई भी बुद्धी-जीवी जिसमें यह ज्ञान प्राप्त करने की इच्छा हो इसे सीख सकता है। हाँ अभ्यास अनिवार्य है। स्पष्ट है डाऊजिंग को बच्चे, अनपढ़ से लेकर शिक्षित तक सभी इस विद्या को ग्रहण कर इसमें मुहारत प्राप्त कर सकते हैं। ज्ञान के हर क्षेत्र में इस विद्या से सीख लेकर अपने व्यवसाय को और अधिक प्रफुल्लित कर सकते हैं। डाऊजिंग इस प्रकार हमारी सहायता कर सकता हैः-
  1. व्यापार का चुनाव करने के लिए
  2. व्यवसाय के चुनाव के लिए
  3. व्यवसायक सांझीदार के चुनाव के लिए
  4. योग्य वर-वधु जानने के लिये
  5. अपने लिए क्या अनुकूल है, उसके चुनाव के लिए जैसेः- ऽ शहर ऽ स्थान ऽ प्लाट ऽ वातावरण ऽ समय ऽ व्यक्ति ऽ नौकर ऽ पढ़ाई में विषय का चुनाव ऽ चिकित्सा ऽ औषधी आदि ऐसे हजारों प्रश्नों का आप सही स्टीक उत्तर जान सकते हैं। अधिक तकनिकी जानकारी इस विषय-क्रम से बाहर की बात है, रेकी की अगली डिग्री में इसका विस्तार पूर्वक विवरण दिया जाता है।

Leave a Reply

X